रांची : झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) की वरिष्ठ नेता महुआ माजी ने राज्यसभा चुनाव के लिए मंगलवार को अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। इस मौके पर मुख्यमंत्री और सत्तारूढ़ दल के कार्यकारी अध्यक्ष हेमंत सोरेन भी मौजूद थे। राज्यसभा चुनाव के उम्मीदवार को लेकर सत्तारूढ़ गठबंधन झामुमो और कांग्रेस के बीच तनातनी की खबरें हैं। माजी द्बारा नामांकन पत्र दाखिल किए जाने के बाद गठबंधन पर प्रभाव पड़ने संबंधी सवाल पर सोरेन ने कहा कि सारे जवाब जल्द ही जनता के सामने होंगे।

सोरेन ने संवाददाताओं से कहा, ”सरकार (गठबंधन) और राज्यसभा दोनों अलग मुद्दे हैं। जल्द ही आपको सारे जवाब मिल जाएंगे।”सोरेन ने सोमवार को संवाददाता सम्मेलन में माजी को उम्मीदवार बनाए जाने की घोषणा की थी। सोरेन ने कहा था कि उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और अपने पिता एवं झामुमो प्रमुख शिबू सोरेन के साथ इस संबंध में चर्चा करने के बाद माजी का नाम तय किया। हालांकि, कांग्रेस ने ”दिल्ली में हुई चर्चा और झामुमो द्बारा लिए गए निर्णय के बीच एक विरोधाभास करार दिया। कांग्रेस और राजद झारखंड में सत्तारूढ़ गठबंधन के दो अन्य घटक हैं।

माजी पहले झारखंड राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष थीं। वह झामुमो की महिला इकाई की अध्यक्ष भी रह चुकी हैं। झामुमो नेता ने पूर्व में रांची विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा था, लेकिन हार गई थीं। माजी द्बारा नामांकन पत्र दाखिल किए जाने के समय सोरेन और झामुमो के कुछ नेता मौजूद थे, लेकिन कांग्रेस के कोई नेता उपस्थित नहीं थे। इस बीच, सूत्रों ने बताया कि कांग्रेस के झारखंड प्रभारी अविनाश पांडे ने मंगलवार को पार्टी के हर विधायक के साथ अलग-अलग मुलाकात की और सोरेन की घोषणा के मद्देनजर अगले कदम के बारे में उनकी राय ली।

बाद में पांडे ने कहा कि क ांग्रेस के पास विधानसभा में संख्याबल की कमी है इसलिए पार्टी ने ऊपरी सदन के लिए उम्मीदवार नहीं उतारने का फैसला किया है। उन्होंने कहा, ” किसी भी विधायक ने (बैठक में) नाखुशी जाहिर नहीं की। हमने संगठन के मामलों पर चर्चा की।” हालांकि, कांग्रेस के कई विधायकों ने नाम नहीं उजागर करने की शर्त पर कहा कि जिस तरह झामुमो ने कदम उठाया है, उसे लेकर नाखुशी जाहिर की गई है।
बाद में क ांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता रांची में मुख्यमंत्री सोरेन के आवास पर पहुंचे। हालांकि, बैठक के दौरान क्या बातचीत हुई, इसकी जानकारी साझा नहीं की गई।

भारतीय जनता पार्टी ने आदित्य साहू को अपना उम्मीदवार बनाया है। साहू ने भी मंगलवार को अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। राज्य की 81 सदस्यीय विधानसभा में झामुमो के 30 विधायक हैं, जबकि क ांग्रेस के 17 विधायक हैं। मुख्य विपक्षी दल भाजपा के 26 विधायक हैं।

.

Leave a Reply

Your email address will not be published.